फिल्मी कहानी से कम नहीं है राजस्थान के सीएम भजनलाल शर्मा का जीवन

राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा मना रहे 59वां जन्मदिन, कभी दूध बेचा करते थे, बाइक पर तय किया किसान से मुख्यमंत्री बनने तक का सफर

राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा 15 दिसंबर को अपना 59वां जन्मदिवस मना रहे हैं। यह भी एक संयोग ही है कि आज ही ​के दिन दो साल पहले उन्होंने राजस्थान के 14वें मुख्यमंत्री के तौर पर शपथ ग्रहण की। भरतपुर जिले के नदबई में 15 दिसंबर 1966 को जन्मे भजनलाल शर्मा का ये सफर किसी फिल्मी कहानी से कम नहीं लगता। किसान परिवार से संबंध रखने वाले भजनलाल कभी दूध बेचा करते थे। राजनीति शास्त्र में MA करने वाले शर्मा ने शुरुआत एबीवीपी से की और महज 27 साल की उम्र में वे अपने गांव के सरपंच बने. फिर पंचायत समिति सदस्य, भाजपा युवा मोर्चा के जिला अध्यक्ष – तीन बार ये पद संभाला. पार्टी में जिला सचिव, महासचिव, प्रदेश महासचिव जैसे पदों पर काम किया.

35 साल से ज्यादा का अनुभव जमीनी स्तर पर रहा, जहां उन्होंने कार्यकर्ताओं को जोड़ा और संगठन को मजबूत किया. दो वर्ष पूर्व बीजेपी ने राजस्थान का सर्वोच्य पद पर बिठाकर उन्हें 57वें जन्मदिवस का तोहफा दिया। (Bhajan Lal Sharma)

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गोविंद देव जी परम भक्त हैं भजनलाल

सीएम भजनलाल शर्मा जयपुर के अराध्य गोविंद देव जी के भक्त हैं। उन्होंने आज दिन की शुरूआत श्री गोविंद देव जी मंदिर में दर्शन कर की पूजा-अर्चना कर की। इसके बाद मोती डूंगरी श्री गणेश मंदिर पहुंचे और प्रदेश की सुख-समृद्धि व आमजन की खुशहाली की कामना की (Chief minister of Rajasthan)

इसके बाद जयपुर स्थित पिंजरापोल गौशाला में गोसेवा की. उन्होंने सपत्नीक गायों की पूजा अर्चना कर गुड़ एवं चारा खिलाया और हवन में आहुति दी. सीएम भजनलाल ने गौशाला परिसर में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा आयोजित रक्तदान शिविर का अवलोकन किया. उन्होंने रक्तदाताओं का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि रक्तदान महादान है. साथ ही उन्होंने सभी से रक्तदान के लिए आगे आने और ऐसे आयोजनों में बढ़-चढ़कर भाग लेने का आह्वान किया. इसके बाद मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने डीग जिले के पूंछरी का लौठा स्थित मुकुट मुखारविंद मन्दिर और श्रीनाथजी मंदिर में सपत्नीक दर्शन कर विधिवत पूजा-अर्चना की।